"काश"

काश तुम को बता पाता
तुम्हें कितना
प्यार करता हूँ
कितना सोचता हूँ
कितना चाहता हूँ
काश तुम्हें मैसेज कर सकता
कॉल कर सकता
तुम्हें मना पाता
तुम्हारे पास आ पाता
काश तुम्हें पास बुला के समझा पाता
डाँट कर तुम्हें गले लगा पाता
तुम्हारी ज़ुल्फ़ें सँभाल पाता
तुम्हारे होंठों को चूम पाता
काश बता पाता कितना प्यार करता हूँ
कितना डरता हूँ तुम्हें खोने से
कितना परेशान करती हो तुम
कितना लड़ती हो तुम
कितना सताती हैं तुम्हारी यादें
काश बता पता कितनी ख़ूब-सूरत हो तुम
तुम्हारे गाल पर वो तिल
तुम्हारे गर्दन का वो तिल
तुम्हारे काले बाल
तुम्हारी काली आँखें
तुम्हारी लंबी ज़ुल्फ़ें
काश तुम्हें बता पता कितना प्यार करता हूँ तुम्हें

— Rohit ydv

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