Meaning of

आश्ना

aashna • آشنا

परिचित; जानकार; घनिष्ठ

acquainted; familiar; intimate

واقف; شناسا; قریب

Persian

आए तो यूँँ कि जैसे हमेशा थे मेहरबान भूले तो यूँँ कि गोया कभी आश्ना न थे — Faiz Ahmad Faiz
देखो तो चश्म-ए-यार की जादू-निगाहियाँ बेहोश इक नज़र में हुई अंजुमन तमाम — Hasrat Mohani
बे-मुरव्वत हो बे-वफ़ा हो तुम अपने मतलब के आश्ना हो तुम — Wajid Ali Shah Akhtar
कोई मौक़ा ज़िंदगी का आख़िरी मौक़ा नहीं इस क़दर ताजील क्यूँ रफ़-ए-कुदूरत के लिए — Hafeez Hoshiarpuri
अगर दर्द-ए-मोहब्बत से न इंसाँ आश्ना होता न कुछ मरने का ग़म होता न जीने का मज़ा होता — Chakbast Brij Narayan
गले मिली कभी उर्दू जहाँ पे हिन्दी से मिरे मिज़ाज में उस अंजुमन की ख़ुशबू है — Satish Shukla Raqeeb
दुनिया की महफ़िलों से उकता गया हूँ या रब क्या लुत्फ़ अंजुमन का जब दिल ही बुझ गया हो — Allama Iqbal
हम अंजुमन में सब की तरफ़ देखते रहे अपनी तरह से कोई अकेला नहीं मिला — Mustafa Zaidi
रो रो के कह रही है धनक धिन धनक धनक इक साज़ तेरे लम्स से जो आश्ना नहीं — Abdulla Asif

'आश्ना' परिचय और निकटता का भाव देता है, अक्सर उन संबंधों का वर्णन करने के लिए उपयोग किया जाता है जो गहराई से जुड़े होते हैं। कविता में, यह साझा अनुभवों की गर्माहट और किसी को गहराई से जानने की सहजता को जगाता है।

कवि अक्सर 'आश्ना' का उपयोग अंतरंगता और संबंध के विषयों का पता लगाने के लिए करते हैं। यह प्रेमियों के बीच के बंधन या दोस्तों के बीच की गहरी समझ का वर्णन कर सकता है। यह शब्द आत्माओं के बीच एक पुल का सुझाव देता है।

'आश्ना' निकटता में पाई जाने वाली सुंदरता की एक कोमल याद दिलाता है। यह साझा समझ में हमें बांधने वाले संबंधों का उत्सव मनाता है।