Meaning of

कमबख़्त

kambakht • کمبخت

दुर्भाग्यशाली; अभागा

unfortunate; unlucky

بدقسمت; بدنصیب

Persian

वो बोला मुलाक़ात ख़्वाबों में होगी मगर आँख कमबख़्त लगती नहीं है — Parul Singh "Noor"
खोल दी देखने को ये कमबख़्त आँख ख़्वाब में वो हमारी गली आए थे — Brajnabh Pandey
अड़चन सी ये डाले हैं तेरी दीद में साले कम-बख़्त से बालों को तू चेहरे से हटा ले — Shivam Yadav
तिरी याद ही इक वफ़ादार निकली कि ये कम्बख्त अब तलक साथ तो हैं — Shiv तिवारी ✍️
मैं ही कमबख़्त हूँ ज़िंदा हूँ बिछड़ के, वरना मैं ने देखा है हर इक चीज़ को तन्हा कर के — Faiz Ahmad
जिस लब के ग़ैर बोसे लें उस लब से 'शेफ़्ता' कम्बख़्त गालियाँ भी नहीं मेरे वास्ते — Mustafa Khan Shefta
देना ही है जो कुछ तो उसे ज़ख़्म दीजिये एहसान भूल जाएगा कम्बख़्त आदमी — Dharamraj deshraj
इस सेे बढ़ीया है अकेली ज़िन्दगी होना न होना सब बराबर है तिरा — Shiv तिवारी ✍️
इक तो फ़ुर्सत ही नहीं दफ़्तर से मुझ को हाए रे! ऊपर से ये कमबख़्त औरत — Sohaib Alvi
ज़िंदगानी में कुछ अच्छा नहीं होने देंगे दोस्त कमबख़्त उसे मेरा नहीं होने देंगे — Aatish Indori

'कमबख़्त' भाग्य द्वारा शापित होने की भावना को व्यक्त करता है। कविता में, यह अक्सर भाग्य के खिलाफ संघर्ष और अधूरी इच्छाओं की विलाप को दर्शाता है।

कवि 'कमबख़्त' का उपयोग विफल महत्वाकांक्षाओं के दुःख को व्यक्त करने के लिए करते हैं। यह भाग्य की विडंबना और लालसा की खट्टे-मीठे स्वभाव को भी दर्शा सकता है।

'कमबख़्त' अपनी विलाप में मानव की नाजुकता और भाग्य के साथ अनंत नृत्य के सार को पकड़ता है।