Meaning of

कार-ए-मुहाल

kaar-e-muhaal • کار محال

असंभव कार्य; दुर्गम चुनौती

impossible task; insurmountable challenge

ناممکن کام; ناقابل تسخیر چیلنج

Persian

ये कार-ए-मुहाल कर लिया है अब ख़ुद को बहाल कर लिया है — Lekhak Suyash

मूल रूप से, 'कार-ए-मुहाल' एक ऐसे कार्य को संदर्भित करता है जो मानव क्षमता से परे है, एक चुनौती जो दुर्गम लगती है। कविता में, यह अक्सर उन संघर्षों और आकांक्षाओं का प्रतीक होता है जो असंभव माने जाते हैं, फिर भी उत्साह के साथ पीछा किया जाता है।

'कार-ए-मुहाल' का उपयोग कवि बाधाओं के खिलाफ संघर्ष की भावना को जागृत करने के लिए करते हैं। यह अक्सर भाग्य और मानव सीमा की थीम के साथ विपरीत होता है।

कविता में, 'कार-ए-मुहाल' मानव दृढ़ता और संघर्ष की सुंदरता का प्रमाण बन जाता है।