Meaning of

तराज़

taraaz • تراز

संतुलन; तराजू; समता

balance; scale; equilibrium

توازن; ترازو; برابری

Arabic

तुम बिजलियाँ रखो तो रखो हुस्न की यहाँ हम भी तराज़ू में ये दिल-ए-ज़ार रख चुके — Amaan Pathan
नया साल आया चुनौती नई है तराज़ू नया है कसौटी नई है — Javed Aslam
नहीं मालूम हम कैसे तराज़ू बन गए है बने तो थे किसी का हाथ बाज़ू बन गए है — Vishakt ki Kalam se
तोलकर देखा तराज़ू में सभी कुछ डालकर जो सब मुक़ाबिल एक आँसू के मुझे हल्का दिखा है — Zain Aalamgir
तराज़ू कैसा है ये न्याय का जो ग़रीबों की तरफ़ झुकता नहीं है — Saarthi Baidyanath
जो मोहब्बत लुटाया करते थे वो तराज़ू ख़रीद लाए हैं — Fahmi Badayuni
लखनऊ में आप जैसे ही पधारो और बस मुस्कुराओ बिन तराज़ू तोल मेरे शहर में — Saurabh Yadav Kaalikhh
तराज़ू हाथ में लो भाव को अब तोलना होगा अभी तक चुप रहे थे तुम मगर अब बोलना होगा — Vishakt ki Kalam se
अच्छा तुम्हें एतराज़ रोने से भी अब मिरे ख़ंजर भी है घोंपना ख़ूँ भी नहीं चाहते — Chetan Verma

तराज़ शब्द संतुलन की एक नाज़ुक छवि प्रस्तुत करता है, एक ऐसा तराजू जो केवल वजन नहीं बल्कि जीवन के संतुलन को भी मापता है। कविता में, यह अक्सर विपरीत भावनाओं या स्थितियों के बीच की महीन रेखा का प्रतीक होता है।

कवि 'तराज़' का उपयोग न्याय और निष्पक्षता के विषयों की खोज के लिए करते हैं। यह आत्मा के वजन या प्रेम और कर्तव्य के बीच संतुलन का प्रतिनिधित्व कर सकता है। यह शब्द अक्सर नैतिक दुविधाओं या मानव स्वभाव की द्वैतता पर विचार करने वाली कविताओं में प्रकट होता है।

कविता के क्षेत्र में, 'तराज़' जीवन की मांगों के नाज़ुक संतुलन की याद दिलाता है। यह एक ऐसा शब्द है जो दिल के गहरे संघर्षों को तौलता है।