Meaning of

शिकस्ती

shikasti • شکستی

हार; बर्बादी; टूटन

defeat; ruin; brokenness

شکست; بربادی; ٹوٹ پھوٹ

Persian

क्या शिकस्तें शुमार करते हो तुम फ़क़त मेरा हौसला देखो — Meem Maroof Ashraf
जब कभी भी मसअला कू-ए-मलामत का रहे रिंद हो या कोई दुश्मन फिर शिकस्ती ही दिखे — Manohar Shimpi

अपने मूल अर्थ में, 'शिकस्ती' हार या टूटन की स्थिति को दर्शाता है। कविता में, यह अक्सर हानि की गहरी भावनात्मक भूमि और मानवीय प्रयासों की नाजुकता को उजागर करता है, जहाँ दिल की सहनशीलता की परीक्षा होती है।

'शिकस्ती' का उपयोग कवि व्यक्तिगत और अस्तित्वगत हार के विषयों की खोज के लिए करते हैं। इसे अक्सर विजय के विपरीत रखा जाता है, सफलता और असफलता के बीच के नाजुक संतुलन को उजागर करते हुए।

कविता के क्षेत्र में, 'शिकस्ती' आत्मा की मौन लड़ाइयों का प्रतिबिंब बन जाती है।