Meaning of

शीशा-गरी

sheesha-gari • شیشہ گری

काँच का काम; काँच बनाने की कला

glasswork; art of glassmaking

شیشہ سازی; شیشہ بنانے کا فن

Persian

तू अपनी शीशागरी का हुनर न कर ज़ाया' मैं आइना हूँ मुझे टूटने की आदत है — Ahmad Faraz
जब से सीखा है हुनर शीशागरी का मैं ने बस उसी दिन से ये दुनिया है कि पत्थर हुई है — Saleem Siddiqui
ले साँस भी आहिस्ता कि नाज़ुक है बहुत काम आफ़ाक़ की इस कारगह-ए-शीशागरी का — Meer Taqi Meer

यह शब्द नाज़ुक और जटिल कला को दर्शाता है, जिसमें नाज़ुक सामग्री से सुंदरता का निर्माण होता है। कविता में, यह कुछ सुंदर लेकिन क्षणिक के निर्माण का प्रतीक है, जैसे भावनाएँ जो कीमती और क्षणभंगुर होती हैं।

'शीशा-गरी' का उपयोग कवि अक्सर नाज़ुकता और सुंदरता के विषयों को खोजने के लिए करते हैं। यह प्रेम की नाज़ुक प्रकृति या जीवन की क्षणभंगुर सुंदरता का प्रतिनिधित्व कर सकता है। कला की स्थायित्व और जीवन की अस्थायित्व के बीच का विरोधाभास एक सामान्य खोज है।

कविता के क्षेत्र में, 'शीशा-गरी' नाज़ुकता से सुंदरता बनाने के सार को पकड़ता है। यह हमें कला और जीवन के बीच के नाज़ुक संतुलन की याद दिलाता है।