Meaning of

शोला-ए-रुख़्सार

shola-e-rukhsaar • شعلہ رخسار

गाल की ज्वाला; उग्र लाली

flame of the cheek; fiery blush

رخسار کی شعلہ; تیز سرخی

Persian

यह वाक्यांश एक उग्र लाली की छवि को उभारता है, एक ज्वलंत चमक जो तीव्र भावना या आकर्षण को दर्शाती है। यह अक्सर प्रेम की गर्मी या शर्मिंदगी की गर्मी से जुड़ा होता है।

कवि इसका उपयोग प्रेमी के चेहरे पर प्रतिबिंबित तीव्र भावनाओं का वर्णन करने के लिए करते हैं। यह स्नेह की गर्मी और इच्छा की जलती हुई तीव्रता दोनों को दर्शा सकता है।

'शोला-ए-रुख़्सार' में आग और गर्मी की छवि आपस में मिलती है, जो भावुक भावना का सार पकड़ती है।