Meaning of

सितमगर

sitamgar • ستمگر

ज़ालिम; अत्याचारी

tyrant; oppressor

ظالم; جابر

Persian

पास आता है गले लेकिन लगाता ही नहीं है इक सितमगर है कि मुझ पे हक जताता ही नहीं है — ATUL SINGH
यूँँ हँसकर के कलेजा माँगना अच्छा नहीं लेकिन मेरे अंदर सितमगर है तो खुलकर क्यूँ नहीं आता — Rakesh Mahadiuree
ये पोखर सितमगर मुझे क्या करेगा निकल कर मैं आया हूँ बहती नदी से — Kanha Mohit
फिर उसी सितमगर को याद कर रहे हैं हम या'नी बे-वजह ग़म ईजाद कर रहे हैं हम — Harsh saxena
ऐ इश्क़-ए-जुनूँ-पेशा हाँ इश्क़-ए-जुनूँ-पेशा आज एक सितमगर को हँस हँस के रुलाना है — Jigar Moradabadi
माहिर है वो छिपाने में हर वारदात को ढा के सितम कभी वो सितमगर नहीं हुआ — Shekhar Mandal
ओ सितमगर ज़रा कम सितम कर खा तरस मुझ पे, थोड़ा रहम कर — Prit
ये सिंदूर, मेंहदी, नथ, महावर मुबारक हो सितमगर तुझे अपना नया घर मुबारक हो — Harsh saxena

'सितमगर' एक ऐसी छवि को उभारता है जो दर्द और पीड़ा देती है, क्रूरता और उत्पीड़न का प्रतीक। कविता में, यह अक्सर जीवन की कठोर वास्तविकताओं या प्रेम की परीक्षाओं में यातना देने वाले का प्रतिनिधित्व करता है।

कवि 'सितमगर' का उपयोग दमनकारी शक्तियों के खिलाफ संघर्ष को व्यक्त करने के लिए करते हैं, चाहे वह प्रेम के क्षेत्र में हो या समाज में। यह कोमल और दयालु के विपरीत होता है, मानव अनुभव की द्वैतता को उजागर करता है।

'सितमगर' मानव आत्मा को चुनौती देने वाली निरंतर शक्तियों के लिए एक शक्तिशाली रूपक बना रहता है, जो लचीलापन और अवज्ञा का आग्रह करता है।