Meaning of

अहद-ए-बातिल

ahad-e-baatil • عہد باطل

झूठा वादा; अमान्य शपथ

false promise; invalid oath

جھوٹا وعدہ; باطل عہد

Arabic

अपने मूल अर्थ में, 'अहद-ए-बातिल' एक ऐसे वादे या शपथ को दर्शाता है जो सत्य या वैधता से रहित है। कविता में, यह अक्सर मानव प्रतिबद्धताओं की नाजुकता और उसके बाद होने वाले अनिवार्य मोहभंग का प्रतीक होता है। यह वाक्यांश विश्वासघात और विश्वास की क्षणभंगुर प्रकृति की भावना को जागृत करता है।

'अहद-ए-बातिल' का उपयोग कवि टूटे हुए वादों और अधूरे संकल्पों के दर्द की थीम को खोजने के लिए करते हैं। यह उन शब्दों के विपरीत है जो सत्य और निष्ठा को दर्शाते हैं, धोखे की भावनात्मक उथल-पुथल को उजागर करते हैं।

कविता के क्षेत्र में, 'अहद-ए-बातिल' विश्वास और विश्वासघात के बीच नाजुक संतुलन की एक मार्मिक याद दिलाता है।