Meaning of
बज़्मे-ग़ैर
bazme-ghair • بزم غیر
Hindi
दूसरों की महफ़िल; अजनबियों की सभा
English
gathering of others; social circle of strangers
Urdu
دوسروں کی محفل; اجنبیوں کی مجلس
Origin
Persian
Nuance
अपने मूल अर्थ में, 'बज़्मे-ग़ैर' का मतलब ऐसी सभा से है जहाँ व्यक्ति अनजान चेहरों से घिरा होता है। कविता में, यह शब्द भीड़ में अकेलेपन की भावना को उजागर करता है, सामाजिक परिवेश में भावनात्मक दूरी को दर्शाता है।
Poetic Usage
'बज़्मे-ग़ैर' का उपयोग कवि अक्सर अलगाव और एकांत के विषयों को तलाशने के लिए करते हैं। यह अंतरंग सभाओं के विपरीत होता है, सामाजिक संपर्कों में भावनात्मक खालीपन को उजागर करता है।
Closing Insight
कविता की दुनिया में, 'बज़्मे-ग़ैर' उस अकेलेपन की मार्मिक याद दिलाता है जो कई लोगों की संगति में भी बना रहता है।