Meaning of

बुत-गर

but-gar • بت گر

मूर्तिकार; प्रतिमा बनाने वाला

idol maker; sculptor

بت ساز; مجسمہ ساز

Persian

मोहब्बत गर जो करना होता कभी करता नहीं मैं
मोहब्बत हो गई तुम सेे सो मोहब्बत कर रहा हूँ

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रूदाद-ए-मुहब्बत गर जो लफ़्ज़ बयाँ कर दें
अहसास तुम्हें हो क्यूँँ मैं दफ़्न रिसालों में

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मोहब्बत गर न होती इस जहाँ में तो
किसी का कोई दीवाना नहीं होता

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मुहब्बत गर नदी है तो किनारे हैं जी हम दोनों
बनो हिम्मत इक दूजे के सहारे हैं जी हम दोनों

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मोहब्बत गर नहीं होती तो भौंरा क्या किया करता
न कोई आश्ना होता न कोई गुल खिला करता

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मोहब्बत गर बची हो तो फ़साना याद रहता है
गिला-शिकवा हो या उम्मीद कुछ रूदाद रहता है

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इस बात पर गोविंद बुत-गर बोला ये
श्रद्धा रखो होता है पत्थर देवता

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हमारे वास्ते दिल में मोहब्बत गर नहीं तेरे
बता कर एक सच हम को भले बर्बाद कर लेना

ज़रा कुछ देर तो ठहरो अभी साँसें मेरी चलतीं
मोहब्बत जिस सेे करते हो हमारे बा'द कर लेना

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मोहब्बत गर जो करना होता कभी करता नहीं मैं
मोहब्बत हो गई तुम सेे सो मोहब्बत कर रहा हूँ

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रूदाद-ए-मुहब्बत गर जो लफ़्ज़ बयाँ कर दें
अहसास तुम्हें हो क्यूँँ मैं दफ़्न रिसालों में

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'बुत-गर' शब्द एक ऐसे कलाकार की छवि प्रस्तुत करता है जो कच्चे पत्थर से सौंदर्य की रचना में लीन है। कविता में, यह सृजन की क्रिया का प्रतीक है, जो कवि के शब्दों को कला में ढालने की प्रक्रिया का रूपक है।

'बुत-गर' का प्रयोग कवि अक्सर सृजन और कला के विषयों को खोजने के लिए करते हैं। यह दिव्य सृजन के कार्य या सौंदर्य को पकड़ने के मानव प्रयास का प्रतिनिधित्व कर सकता है। यह विनाश के विपरीत है, जो सृजन और क्षय के बीच नाजुक संतुलन को उजागर करता है।

कवि के हाथों में, 'बुत-गर' सृजन और विनाश के बीच के शाश्वत नृत्य का प्रतीक बन जाता है, कला की क्षणिक सुंदरता की याद दिलाता है।