Meaning of

दाम-ए-सुख़न

daam-e-sukhan • دام سخن

शब्दों का जाल; वाक्पटुता का फंदा

trap of words; snare of eloquence

الفاظ کا جال; فصاحت کا پھندا

Persian

यह वाक्यांश वाक्पटुता की जटिल और आकर्षक प्रकृति को दर्शाता है। कविता में, शब्द श्रोता को भावनाओं और विचारों के जाल में खींच सकते हैं। मूल अर्थ में यह एक फंदे का संकेत है, लेकिन काव्यात्मक संदर्भ में यह भाषा की शक्ति का प्रमाण बन जाता है।

कवि अक्सर इस वाक्यांश का उपयोग भाषा की मोहक शक्ति को उजागर करने के लिए करते हैं। यह अभिव्यक्ति की सुंदरता में फंसने का विचार व्यक्त कर सकता है, या शब्दों द्वारा गुमराह होने के खतरे को। यह सरलता के विपरीत है, जटिलता के आकर्षण को उजागर करता है।

शब्दों के नृत्य में, दाम-ए-सुख़न एक चुनौती और एक आनंद दोनों है। यह हमें वाक्पटुता की मंत्रमुग्ध कर देने वाली शक्ति की याद दिलाता है।