Meaning of

दिल-ए-ख़ार

dil-e-khaar • دل خار

काँटों का दिल; दर्द से भरा दिल

heart of thorns; a heart filled with pain

دل کانٹوں کا; درد سے بھرا دل

Persian

'दिल-ए-ख़ार' एक ऐसे दिल की छवि प्रस्तुत करता है जो न केवल संवेदनशील है बल्कि अपनी ही भावनाओं की नोक से घिरा हुआ है। कविता में, यह एक ऐसी आत्मा का सार पकड़ता है जो गहराई से महसूस करती है, फिर भी प्रेम और तड़प के काँटों से लगातार चुभती रहती है।

कवि 'दिल-ए-ख़ार' का उपयोग प्रेम के विरोधाभास को व्यक्त करने के लिए करते हैं - सौंदर्य और दर्द का स्रोत। यह अक्सर 'दिल-ए-गुल' या खिले हुए दिल के विचार के विपरीत होता है, जो मानवीय भावनाओं की दोहरी प्रकृति को उजागर करता है।

कविता के क्षेत्र में, 'दिल-ए-ख़ार' मानव हृदय की जटिलता का प्रमाण है। यह हमें याद दिलाता है कि सौंदर्य अक्सर दर्द के साथ चलता है।