Meaning of

हासिद

haasid • حاسد

ईर्ष्यालु व्यक्ति; जलन करने वाला

envier; jealous person

حسد کرنے والا; جلن کرنے والا

Arabic

'हासिद' मूल रूप से उस व्यक्ति को दर्शाता है जो दूसरों के प्रति ईर्ष्या या जलन रखता है। कविता में, यह शब्द अक्सर मानव भावनाओं के गहरे रंगों को दर्शाता है, जो जलन से उत्पन्न आंतरिक संघर्ष और अशांति को प्रतिबिंबित करता है।

कवि 'हासिद' का उपयोग ईर्ष्या और उसकी विनाशकारी प्रकृति के विषयों को खोजने के लिए करते हैं। यह अक्सर संतोष और शांति के विषयों के साथ विरोधाभास करता है, आत्मा के आंतरिक संघर्षों को उजागर करता है।

कविता की दुनिया में, 'हासिद' मानव मन के गहरे पहलुओं का दर्पण बनता है, ईर्ष्या की कीमत पर चिंतन करने का आग्रह करता है।