Meaning of

जबीन-ए-नियाज़

jabeen-e-niyaaz • جبین نیاز

विनय का माथा; विनम्रता का प्रतीक

forehead of supplication; symbol of humility

عاجزی کی پیشانی; انکساری کی علامت

Persian

जबीन-ए-नियाज़ विनम्रता और भक्ति में झुकी हुई पेशानी की छवि प्रस्तुत करता है। कविता में, यह श्रद्धा में स्वयं को झुकाने के कार्य का प्रतीक है, जो गहरी श्रद्धा और समर्पण का इशारा करता है। झुकी हुई पेशानी की छवि में ईमानदारी और गंभीरता का भार होता है, जो अक्सर किसी की नीयत की पवित्रता को व्यक्त करने के लिए उपयोग किया जाता है।

कवि अक्सर 'जबीन-ए-नियाज़' का उपयोग किसी पात्र की विनम्रता या आध्यात्मिक भक्ति को चित्रित करने के लिए करते हैं। यह गर्व या अहंकार के विपरीत हो सकता है, निःस्वार्थता की सुंदरता को उजागर करते हुए। इस वाक्यांश का उपयोग गहन समझ या स्वीकृति के क्षण का वर्णन करने के लिए भी किया जा सकता है।

'जबीन-ए-नियाज़' अपनी मूल भावना में विनम्रता में पाए जाने वाले शांत बल को पकड़ता है। यह हमें झुकने की कृपा की याद दिलाता है, हार में नहीं, बल्कि गहरी श्रद्धा में।