Meaning of

जल्वा-ए-रुख़्सार

jalwa-e-rukhsaar • شعلہ طور

गाल की चमक; चेहरे की आभा

radiance of the cheek; glow of the face

رخسار کی چمک; چہرے کی آب و تاب

Persian

यह वाक्य चेहरे की आंतरिक चमक की छवि प्रस्तुत करता है, एक ऐसी सुंदरता जो शारीरिक से परे जाकर आत्मा को छूती है। कविता में, यह अक्सर प्रिय की उपस्थिति के आकर्षण और रहस्य का प्रतीक होता है।

कवि इसका उपयोग प्रिय की मोहक सुंदरता का वर्णन करने के लिए करते हैं। यह सुंदरता की क्षणभंगुरता का भी संकेत दे सकता है, जो शाश्वत के विपरीत है।

इसकी आभा में, हम क्षणभंगुर और शाश्वत दोनों को पाते हैं, प्रकाश और छाया का एक नृत्य।