Meaning of

जमाल-ए-हूर

jamaal-e-hoor • جمال حور

अप्सरा का सौंदर्य; दिव्य आकर्षण

beauty of a celestial maiden; divine allure

حور کا جمال; الہی کشش

Arabic

यह शब्द स्वर्गीय अप्सराओं के उस अलौकिक सौंदर्य को दर्शाता है, जिसे अक्सर शास्त्रीय कविता में वर्णित किया जाता है। यह एक ऐसे सौंदर्य का संकेत देता है जो सांसारिक सीमाओं से परे है, अपनी दिव्य आकर्षण से कल्पना को मोहित करता है।

कवि अक्सर इस शब्द का उपयोग एक आदर्शीकृत सौंदर्य का वर्णन करने के लिए करते हैं, जो अप्राप्य और अलौकिक होता है। यह एक लालसा और प्रशंसा की भावना को जागृत करने के लिए प्रयोग किया जाता है, जो सांसारिकता के विपरीत होता है।

'जमाल-ए-हूर' अपनी मूल भावना में उस शाश्वत सौंदर्य की खोज को पकड़ता है जो सांसारिक क्षेत्र से परे है।