Meaning of

जोश-ए-इश्क़

josh-e-ishq • نشان سجدہ

प्रेम का जोश; स्नेह की तीव्रता

passion of love; fervor of affection

محبت کا جوش; الفت کی شدت

Persian

‘जोश-ए-इश्क़’ एक गहरी भावना का आभास कराता है, जहाँ प्रेम केवल एक भावना नहीं, बल्कि एक शक्तिशाली बल है जो व्यक्ति के कार्यों और विचारों को प्रेरित करता है। कविता में, यह अक्सर प्रेम की प्रबलता को दर्शाता है जो व्यक्ति को ऊँचा उठाता है और उसे अपने में समेट लेता है।

कवि ‘जोश-ए-इश्क़’ का उपयोग प्रेम की उथल-पुथल और उसे समेटने वाली प्रकृति को व्यक्त करने के लिए करते हैं। इसे अक्सर शांति या तर्कसंगतता के विपरीत रखा जाता है, प्रेम की विघटनकारी और परिवर्तनकारी क्षमता को उजागर करते हुए। यह वाक्यांश जलती हुई लपटों, अशांत समुद्रों, या प्रिय के निरंतर पीछा करने की छवियों को उभार सकता है।

कविता के क्षेत्र में, ‘जोश-ए-इश्क़’ प्रेम की अग्निमय आत्मा का सार पकड़ता है। यह प्रेम की सृजन और समेटने की शक्ति की याद दिलाता है।