Meaning of

कश्मकश-ए-मर्ग-ओ-ज़ीस्त

kashmakash-e-marg-o-zist • کش مکش مرگ و زیست

जीवन और मृत्यु के बीच संघर्ष; अस्तित्व का संघर्ष

struggle between life and death; existential conflict

زندگی اور موت کے درمیان کشمکش; وجودی کشمکش

Persian

'कश्मकश-ए-मर्ग-ओ-ज़ीस्त' वाक्यांश जीवन और मृत्यु के बीच गहरे संघर्ष को समेटता है। कविता में, यह मानव अनुभव को परिभाषित करने वाले अस्तित्व के संघर्ष में गहराई से उतरता है। यह शब्द अस्तित्व के निरंतर नृत्य को दर्शाते हुए, जीवित रहने और मृत्यु के बीच के तनाव को पकड़ता है।

कवि 'कश्मकश-ए-मर्ग-ओ-ज़ीस्त' का उपयोग मृत्यु और जीवन के सार के विषयों का अन्वेषण करने के लिए करते हैं। यह उन छंदों में प्रकट होता है जो अस्तित्व के अर्थ और मृत्यु की अनिवार्यता पर प्रश्न उठाते हैं। यह वाक्यांश अक्सर मानव आत्मा की नाजुकता और दृढ़ता पर ध्यान केंद्रित करता है।

अपनी काव्यात्मक गहराई में, 'कश्मकश-ए-मर्ग-ओ-ज़ीस्त' जीवन और मृत्यु के बीच के शाश्वत नृत्य पर एक प्रतिबिंब है।