Meaning of
ख़ाकिस्तर-ए-जहाँ
khaakistar-e-jahaan • خاکستر جہاں
Hindi
दुनिया की राख; सांसारिक इच्छाओं के अवशेष
English
ashes of the world; remnants of worldly desires
Urdu
دنیا کی راکھ; دنیاوی خواہشات کے باقیات
Origin
Persian
Nuance
'ख़ाकिस्तर-ए-जहाँ' एक ऐसी दुनिया की छवि को उभारता है जो राख में बदल गई है, जीवन और इच्छाओं की क्षणभंगुर प्रकृति की मार्मिक याद दिलाता है। कविता में, यह अक्सर सांसारिक प्रयासों की निरर्थकता और भौतिक अस्तित्व के अनिवार्य क्षय का प्रतीक होता है।
Poetic Usage
कवि 'ख़ाकिस्तर-ए-जहाँ' का उपयोग जीवन की क्षणभंगुर प्रकृति पर विचार करने के लिए करते हैं। यह सभी चीजों के अंत के लिए एक रूपक के रूप में कार्य करता है, मृत्यु और भौतिक संपत्ति की अंतिम तुच्छता की याद दिलाता है।
Closing Insight
दुनिया की राख में, कवि क्षणभंगुरता का सार पाते हैं। यह अस्तित्व की क्षणभंगुर प्रकृति पर एक गंभीर चिंतन है।