Meaning of

ख़याल-ए-हश्र

khayaal-e-hashr • خیال حشر

प्रलय का विचार; अंत का चिंतन

thought of the Day of Judgment; contemplation of the end

قیامت کا خیال; انجام کا غور

Arabic

यह वाक्यांश प्रलय के दिन के गहरे चिंतन को दर्शाता है। कविता में, यह अक्सर अस्तित्वगत प्रश्नों के भार और भाग्य की अनिवार्यता का प्रतीक होता है।

कवि इसका उपयोग मृत्यु और दिव्य न्याय के विषयों की खोज के लिए करते हैं। यह सांसारिक चिंताओं के विपरीत है, एक गंभीर स्वर लाता है।

कविता में, ख़याल-ए-हश्र जीवन की क्षणभंगुरता पर चिंतन का निमंत्रण देता है।