Meaning of

सर-गश्ता

sar-gashta • سر گشتہ

भ्रमित; खोया हुआ; उलझन में

bewildered; lost; confused

حیران; کھویا ہوا; الجھن میں

Persian

सर-गश्ता जीवन की भूलभुलैया में बिना स्पष्ट दिशा के भटकने की भावना को जागृत करता है। कविता में, यह अस्तित्वगत उलझन और अराजकता के बीच अर्थ की खोज के सार को पकड़ता है।

कवि सर-गश्ता का उपयोग अस्तित्वगत संदेह, पहचान की खोज और दुनिया में बहने की भावना के विषयों को व्यक्त करने के लिए करते हैं। यह निश्चितता और उद्देश्य के विषयों के विपरीत होता है।

सर-गश्ता अनिश्चितता के माध्यम से आत्मा की यात्रा को पकड़ता है, भटकने में सुंदरता की याद दिलाता है।