Meaning of
सवाब-ए-जारिया
sawaab-e-jaariya • ثواب جاریہ
Hindi
लगातार पुण्य; स्थायी सवाब
English
ongoing reward; perpetual merit
Urdu
مسلسل ثواب; دائمی نیکی
Origin
Arabic
Nuance
सवाब-ए-जारिया का भाव उन कर्मों से जुड़ा है जो व्यक्ति के जाने के बाद भी पुण्य फल देते रहते हैं। कविता में यह शाश्वतता और स्थायी सद्गुण का एहसास कराता है।
Poetic Usage
कवि अक्सर सवाब-ए-जारिया का उपयोग अच्छे कर्मों की विरासत पर विचार करने के लिए करते हैं। यह उन क्षणिक कार्यों के विपरीत है जो समय के साथ फीके पड़ जाते हैं।
Closing Insight
सवाब-ए-जारिया अच्छाई की अनंत लहर का प्रतीक है, सद्गुणी कर्मों की स्थायी शक्ति का प्रमाण है।