Meaning of
शौक़-ए-बे-पायाँ
shauq-e-be-paayań • شوق بے پایاں
Hindi
असीम इच्छा; असीमित लालसा
English
boundless desire; limitless longing
Urdu
بے حد خواہش; بے پایاں تڑپ
Origin
Persian
Nuance
शौक़-ए-बे-पायाँ एक ऐसी तीव्र लालसा को व्यक्त करता है जो किसी सीमा को नहीं जानती। कविता में, यह एक ऐसी गहरी तड़प को दर्शाता है जो हृदय और आत्मा की सीमाओं को पार कर जाती है।
Poetic Usage
कवि इस वाक्यांश का उपयोग उन इच्छाओं को व्यक्त करने के लिए करते हैं जो अनंत और अप्राप्य होती हैं। यह अक्सर किसी ऐसी चीज़ की अनंत खोज का प्रतीक होता है जो पहुँच से परे है।
Closing Insight
शौक़-ए-बे-पायाँ अप्राप्य की अनंत मानव खोज को मूर्त रूप देता है, एक ऐसी लालसा जो आत्मा की यात्रा को प्रेरित करती है।