Meaning of
शिकस्त-ए-शौक़
shikast-e-shauq • شکست شوق
Hindi
इच्छा की हार; टूटी हुई लालसा
English
defeat of desire; broken longing
Urdu
خواہش کی شکست; ٹوٹی ہوئی آرزو
Origin
Persian
Nuance
यह वाक्यांश उस मार्मिक क्षण को पकड़ता है जब इच्छाएँ विफल हो जाती हैं, जिससे खालीपन और लालसा की भावना पैदा होती है। कविता में, यह अधूरे सपनों के दर्द और अप्राप्य आकांक्षाओं के दिल के दर्द को दर्शाता है।
Poetic Usage
कवि अक्सर इसका उपयोग अधूरी इच्छाओं के दुख को व्यक्त करने के लिए करते हैं। यह आशा और पूर्ति के विषयों के विपरीत होता है।
Closing Insight
टूटे हुए सपनों की खामोशी में, दिल अपनी आवाज़ पाता है।