Meaning of

शोख़ी-ए-जल्वा

shokhi-e-jalva • شوخی جلوہ

दिखावे की शोखी; उपस्थिति का आकर्षण

playfulness of appearance; charm of presence

دکھاوے کی شوخی; موجودگی کا دلکشی

Persian

शोख़ी-ए-जल्वा एक ऐसी उपस्थिति की जीवंत और मोहक प्रकृति को दर्शाता है जो इंद्रियों को मोहित कर लेती है। कविता में, यह अक्सर सुंदरता के आकर्षण और चुंबकत्व को दर्शाता है, जो देखी और अनदेखी दोनों होती है, और एक स्थायी छाप छोड़ती है।

कवि 'शोख़ी-ए-जल्वा' का उपयोग प्रिय की अप्रतिरोध्य आकर्षण और शोख़ी भरी शान का वर्णन करने के लिए करते हैं। यह अक्सर एक ऐसी सुंदरता का विचार व्यक्त करता है जो आकर्षक और मायावी दोनों होती है, और दर्शक को प्रशंसा और लालसा की स्थिति में छोड़ देती है।

शोख़ी-ए-जल्वा सुंदरता के शोख़ नृत्य का उत्सव है। यह हमें आकर्षण के क्षणिक फिर भी गहरे प्रभाव की याद दिलाता है।