Meaning of
तब-ए-ग़यूर
tab-e-ghayoor • تب غیرور
Hindi
गर्वीला स्वभाव; महान आत्मा
English
proud temperament; noble spirit
Urdu
غیرت مند مزاج; عظیم روح
Origin
Persian
Nuance
तब-ए-ग़यूर गर्व और गरिमा की भावना को समेटे हुए है। कविता में, यह अक्सर उस व्यक्ति की आंतरिक शक्ति और अडिग आत्मा को दर्शाता है जो अपने विश्वासों में दृढ़ रहता है।
Poetic Usage
कवि इस शब्द का उपयोग उन पात्रों की दृढ़ता और सम्मान को उजागर करने के लिए करते हैं जो अपने मूल्यों से समझौता करने से इनकार करते हैं।
Closing Insight
तब-ए-ग़यूर ईमानदारी और आत्म-सम्मान के शाश्वत संघर्ष के साथ गूंजता है।