Meaning of

तप-ए-इंतिक़ाम

tap-e-intiqaam • تب انتقام

प्रतिशोध की गर्मी; बदले की तीव्रता

heat of revenge; fervor of vengeance

انتقام کی گرمی; بدلے کی شدت

Persian

'तप-ए-इंतिक़ाम' वाक्यांश प्रतिशोध की तीव्र भावना और जलती हुई इच्छा को दर्शाता है। कविता में, यह अक्सर आंतरिक उथल-पुथल और उस जुनून को दर्शाता है जो किसी को बदला लेने की ओर ले जाता है, ऐसे उत्साह की विनाशकारी प्रकृति को उजागर करता है।

कवि 'तप-ए-इंतिक़ाम' का उपयोग क्रोध और न्याय के विषयों में गहराई से जाने के लिए करते हैं। इसे अक्सर एक जलती हुई आग के रूप में दर्शाया जाता है जो या तो शुद्ध कर सकती है या नष्ट कर सकती है। यह वाक्यांश क्षमा और शांति के विषयों के विपरीत होता है।

कविता में, 'तप-ए-इंतिक़ाम' जुनून की द्वैत प्रकृति की याद दिलाता है। यह विनाश की शक्ति और परिवर्तन के लिए उत्प्रेरक दोनों है।