Meaning of

तर्क-ए-सुख़न

tark-e-sukhan • ترک سخن

कविता का परित्याग; वाक्पटुता का त्याग

abandonment of poetry; renunciation of eloquence

شاعری کا ترک; فصاحت کا ترک

Persian

यह वाक्यांश कविता या वाक्पटुता के प्रयास को छोड़ने की भावना को व्यक्त करता है। यह अभिव्यक्ति की कला को छोड़ने के एक मार्मिक निर्णय को दर्शाता है, अक्सर मोहभंग या व्यक्तिगत उथल-पुथल के कारण।

कवि इसका उपयोग गहरे नुकसान या त्याग की भावना को व्यक्त करने के लिए करते हैं। यह अक्सर व्यक्तिगत संघर्ष या प्रेरणा के क्षीण होने के बारे में छंदों में प्रकट होता है।

तर्क-ए-सुख़न एक प्रिय कला रूप को छोड़ने के दर्द को व्यक्त करता है।