Meaning of

तसलसुल-ए-आह-ओ-फ़ुग़ाँ

tasalsul-e-aah-o-fughaan • تسلسل آہ و فغاں

आहों और विलाप का सिलसिला

continuity of sighs and lamentations

آہ و فغاں کا تسلسل

Persian

यह वाक्यांश दुःख और शोक के निरंतर प्रवाह को पकड़ता है, जहाँ हर आह के बाद दूसरी आती है। कविता में, यह स्थायी दर्द और मानव पीड़ा की अनंत प्रकृति का भाव उत्पन्न करता है।

कवि अक्सर इसे किसी पात्र के गहरे और निरंतर दुःख को चित्रित करने के लिए उपयोग करते हैं। यह भावनात्मक सहनशीलता और निराशा के भार की एक शक्तिशाली छवि है।

तसलसुल-ए-आह-ओ-फ़ुग़ाँ की गूंज में, हम मानव दुःख की कालातीत प्रतिध्वनि पाते हैं।