Meaning of

ख़ुरशेद

khursheed • خورشید

सूरज; चमक; तेज

sun; brilliance; radiance

سورج; چمک; روشنی

Persian

काँटा सा जो चुभा था वो लौ दे गया है क्या घुलता हुआ लहू में ये ख़ुर्शीद सा है क्या — Ada Jafarey
क्यूँँ इंतिहा-ए-होश को कहते हैं बे-ख़ुदी ख़ुर्शीद ही की आख़िरी मंज़िल तो रात है — Firaq Gorakhpuri
सुख़न के अर्श पे ख़ुर्शीद जो मुनव्वर था क़ज़ा की आँधी ने गुल कर दिया है हाए उसे — Shajar Abbas
मेरे रुख़सार से ज़ुल्फ़ों को वो जब जब हटाता है वो कहता है नज़र उस को मह-ए-ख़ुर्शीद आता है — Dr Bhagyashree Joshi
ख़ुर्शीद-ओ-माहताब-ओ-सितारों की अंजुमन सब फीके पड़ गए तेरे चेहरे के सामने — Shajar Abbas

ख़ुरशेद मूल रूप से सूरज को संदर्भित करता है, जो दुनिया को रोशन करता है। कविता में, यह अपने शाब्दिक अर्थ से परे जाकर चमक और प्रकाश के शाश्वत स्रोत का प्रतीक बन जाता है। यह अंधकार को चीरते हुए भोर की छवि प्रस्तुत करता है, जो आशा और नवीनीकरण का प्रतीक है।

कवि अक्सर ख़ुरशेद का उपयोग नई शुरुआत की भोर को दर्शाने के लिए करते हैं। यह ज्ञान और स्पष्टता का रूपक है। यह अंधकार के विपरीत है, जो अज्ञानता या निराशा का प्रतिनिधित्व करता है।

ख़ुरशेद प्रकाश और छाया के शाश्वत नृत्य का प्रतीक है, जो आशा की दृढ़ता का प्रमाण है।