Meaning of

जश्न-ए-चरागाँ

jashn-e-charaagaan • جشن چراغاں

दीपों का उत्सव; प्रकाश का जश्न

festival of lights; celebration of illumination

چراغوں کا جشن; روشنی کا جشن

Persian

महफ़िल में तेरी यूँँ ही रहे जश्न-ए-चरागाँ आँखों में ही ये रात गुज़र जाए तो अच्छा — Sahir Ludhianvi
हर घर दियों से ही हमीं महफ़िल सजाते हैं चलो जश्न-ए-चराग़ाँ भी सभी मिल के मनाते हैं चलो — Manohar Shimpi

'जश्न-ए-चरागाँ' का भाव अनगिनत दीपों से जगमगाती रात की छवि उत्पन्न करता है, जो आनंद और ज्ञान का प्रतीक है। कविता में, यह उत्सव का सार पकड़ता है, जहाँ प्रकाश अंधकार को दूर करता है और दिलों को खुशी से रोशन करता है।

कवि 'जश्न-ए-चरागाँ' का उपयोग सामूहिक खुशी और आध्यात्मिक जागृति के क्षणों को चित्रित करने के लिए करते हैं। यह व्यक्तिगत विजय और आत्मा के आंतरिक प्रकाश को भी दर्शा सकता है।

कविता में, 'जश्न-ए-चरागाँ' आत्मा की यात्रा को अंधकार से प्रकाश की ओर एक उज्ज्वल उत्सव बनाता है।