Meaning of

जान-ए-जाँ

jaan-e-jaan • جان جاں

प्राणों का प्राण; प्रियतम

soul of the soul; beloved

جان جاں; محبوب

Persian

जान-ए-जाँ एक नज़र शाम के बा'द मुझ को जाना है मगर शाम के बा'द — Rakesh Mahadiuree
हो सके तो बातें कर लिया कीजे हम सेे मौत का है मौसम चल रहा जान-ए-जानाँ — Rovej sheikh
ख़ूब-सूरत और भी हैं इस जहाँ में लड़कियाँ तुम मगर हो जान-ए-जाँ सब लड़कियों से मुख़्तलिफ़ — Milan Gautam
हम ने छोड़ा तो मुड़कर न देखा मगर आ गए हम तुम्हारी ख़ुशी के लिए — Rakesh Mahadiuree
ये सोचो तो यूँँ दिल के सामने दिल ही दिवाना है रहा हूँ उन के दिल में ही जो मेरे जान-ए-जानाँ है — arjun chamoli

यह वाक्यांश स्नेह और संबंध की गहनता को व्यक्त करता है। यह एक ऐसे बंधन का सुझाव देता है जो भौतिकता से परे है, अस्तित्व के सार को छूता है। कविता में, यह अक्सर परम प्रिय का प्रतीक होता है, जिसे सभी से अधिक प्रिय माना जाता है, जो किसी के अस्तित्व के मूल को दर्शाता है।

कवि इस वाक्यांश का उपयोग गहन प्रेम और भक्ति को व्यक्त करने के लिए करते हैं। यह प्रियतम को किसी के ब्रह्मांड के केंद्र के रूप में दर्शा सकता है। यह वाक्यांश पूर्णता और संतोष की भावना को जागृत करता है, अक्सर भावनात्मक और आध्यात्मिक संबंध की गहराई को व्यक्त करने के लिए उपयोग किया जाता है।

प्रेम के क्षेत्र में, 'जान-ए-जाँ' एक अनंत बंधन के सार को पकड़ता है, गहन और अटल।