Meaning of

तसव्वर

tasavvur • تصور

कल्पना; धारणा

imagination; conception

تصور; خیال

Arabic

फिर नज़र में फूल महके दिल में फिर शमएँ जलीं फिर तसव्वुर ने लिया उस बज़्म में जाने का नाम — Faiz Ahmad Faiz
ऐ शौक़-ए-नज़ारा क्या कहिए नज़रों में कोई सूरत ही नहीं ऐ ज़ौक़-ए-तसव्वुर क्या कीजे हम सूरत-ए-जानाँ भूल गए — Asrar Ul Haq Majaz
दिल-ओ-नज़र को अभी तक वो दे रहे हैं फ़रेब तसव्वुरात-ए-कुहन के क़दीम बुत-ख़ाने — Ali Sardar Jafri
एक चेहरा है जो आँखों में बसा रहता है इक तसव्वुर है जो तन्हा नहीं होने देता — Javed Naseemi
कुछ नज़र आता नहीं उस के तसव्वुर के सिवा हसरत-ए-दीदार ने आँखों को अंधा कर दिया — Haidar Ali Aatish
रात भर उन का तसव्वुर दिल को तड़पाता रहा एक नक़्शा सामने आता रहा जाता रहा — Akhtar Shirani
तसव्वुर में भी अब वो बे-नक़ाब आते नहीं मुझ तक क़यामत आ चुकी है लोग कहते हैं शबाब आया — Hafeez Jalandhari
ख़फ़ा हैं फिर भी आ कर छेड़ जाते हैं तसव्वुर में हमारे हाल पर कुछ मेहरबानी अब भी होती है — Akhtar Shirani

तसव्वुर वह क्षेत्र है जहाँ वास्तविकता और सपने आपस में मिलते हैं। यह रचनात्मकता का जन्मस्थान है, जहाँ मन ठोस दुनिया की सीमाओं से परे जीवंत चित्र बनाता है। कविता में, यह आत्मा का कैनवास है, जहाँ भावनाएँ अपनी सबसे गहरी अभिव्यक्तियाँ पाती हैं।

कवि अक्सर 'तसव्वुर' में गहराई से उतरते हैं ताकि मानव भावनाओं की गहराई और ब्रह्मांड की विशालता का अन्वेषण कर सकें। इसका उपयोग साधारण से परे जाने के लिए, जो हो सकता है उसका सपना देखने के लिए, और अदृश्य पर विचार करने के लिए किया जाता है।

तसव्वुर ज्ञात और अज्ञात के बीच का पुल है, मानव आत्मा की असीम संभावनाओं का प्रमाण है।