Meaning of

दरकार

darkaar • درکار

आवश्यकता; ज़रूरत

need; requirement

ضرورت; حاجت

Persian

देवताओं का ख़ुदा से होगा काम आदमी को आदमी दरकार है — Firaq Gorakhpuri
गले से वो लगा ले जिस को भी अपने उसे फिर इत्र की दरकार ही क्या है — Harsh saxena
बस एक बार हो तेरी निगाह मेरी तरफ़ फिर उस के बा'द मुझे कोई शै नहीं दरकार — Salman ashhadi sahil
अभी करना है काफ़ी कुछ मुहब्बत कर नहीं सकता मुझे कुछ वक़्त की दरकार है मैं मर नहीं सकता — nakul kumar
रंग दरकार थे हम को तिरी ख़ामोशी के एक आवाज़ की तस्वीर बनानी थी हमें — Nazir Wahid
आदमी तू बड़ी नेमत है इक औरत को मगर ज़िन्दगी जीने की ख़ातिर तेरी दरकार नहीं — Firdous khan
ज़िंदगी अब कुछ और नहीं दरकार मुझे अच्छी भली उदासी है — Anjali Sahar
इश्क़ का उम्र से कोई सरोकार नहीं कौन कहता है कि जन्नत ये दरकार नहीं — arjun chamoli

'दरकार' का अर्थ आवश्यकता या ज़रूरत है, जो अक्सर तात्कालिकता या महत्व का संकेत देता है। कविता में, यह दिल की लालसा को दर्शा सकता है, वे आवश्यक इच्छाएँ जो मानव अस्तित्व को प्रेरित करती हैं।

कवि 'दरकार' का उपयोग आत्मा की गहरी आवश्यकताओं को व्यक्त करने के लिए करते हैं। यह प्रेम की लालसा, सत्य की खोज, या सुंदरता की खोज हो सकती है। यह मानव स्थिति की अंतर्निहित इच्छाओं को उजागर करता है।

'दरकार' दिल की मौन फुसफुसाहट है, जो हमें वास्तव में महत्वपूर्ण की ओर प्रेरित करती है।