Meaning of

नाकाबिल-ए-बर्दाश्त

naakaabil-e-bardaasht • ناقابل برداشت

असहनीय; बर्दाश्त के बाहर

unbearable; intolerable

ناقابل برداشت; ناقابل تحمل

Persian

सुनो जानाँ तुम्हारे लब पे मय का एक भी क़तरा मेरी आँखों की है तौहीन और नाकाबिल-ए-बर्दाश्त — Firdous khan

'नाकाबिल-ए-बर्दाश्त' वाक्यांश उन भावनाओं या स्थितियों का सार प्रस्तुत करता है जो सहनशीलता की सीमाओं को पार कर जाती हैं। कविता में, यह अक्सर दुःख की गहराई, लालसा की तीव्रता, या एकतरफा प्रेम के बोझ को व्यक्त करता है।

कवि 'नाकाबिल-ए-बर्दाश्त' का उपयोग हृदय के गहरे संघर्षों को व्यक्त करने के लिए करते हैं। यह धैर्य की सीमा, अलगाव की पीड़ा, या अशांत आत्मा की मौन चीख को चित्रित कर सकता है।

'नाकाबिल-ए-बर्दाश्त' हृदय की पीड़ा सहने की क्षमता की बात करता है, मानव असुरक्षा की एक मार्मिक याद दिलाता है।