Meaning of

निगाह-ए-बे-नियाज़

nigah-e-be-niyaaz • نگاہ بے نیاز

उदासीन दृष्टि; निर्लिप्त नज़र

indifferent gaze; detached look

بے نیاز نظر; لاتعلق نگاہ

Persian

यह वाक्यांश एक ऐसी दृष्टि का आभास देता है जो सांसारिक चिंताओं से मुक्त है, बिना इच्छा या लगाव के देखती है। कविता में, यह अक्सर एक उच्च अवस्था का प्रतीक होता है, जहाँ व्यक्ति सांसारिकता से अप्रभावित होता है।

कवियों द्वारा इस वाक्यांश का उपयोग एक ऐसे चरित्र को चित्रित करने के लिए किया जाता है जो आध्यात्मिक रूप से उन्नत है। यह भावुक दृष्टि के विपरीत है, एक शांत निर्लिप्तता को उजागर करता है। अक्सर संतों या प्रबुद्ध व्यक्तियों का वर्णन करने के लिए उपयोग किया जाता है।

निगाह-ए-बे-नियाज़ एक गहरी निर्लिप्तता को दर्शाता है, दुनिया की एक शांत स्वीकृति।