Meaning of

फ़िक्र-ए-दो-आलम

fikr-e-do-aalam • فکر دو عالم

दोनों दुनियाओं की चिंता; दो लोकों की फिक्र

concern of both worlds; worry of two realms

دونوں جہانوں کی فکر; دو عالموں کی پریشانی

Persian

यह वाक्यांश भौतिक और आध्यात्मिक दुनियाओं पर दार्शनिक चिंतन को दर्शाता है। कविता में, यह अक्सर सांसारिक कर्तव्यों और आध्यात्मिक आकांक्षाओं के बीच संतुलन बनाने के संघर्ष का प्रतिनिधित्व करता है।

कवि इस वाक्यांश का उपयोग सांसारिक जीवन और आध्यात्मिक खोजों के बीच तनाव का अन्वेषण करने के लिए करते हैं, अक्सर आत्मा के आंतरिक संघर्ष को उजागर करते हैं।

काव्यात्मक क्षेत्र में, 'फ़िक्र-ए-दो-आलम' दृश्य और अदृश्य के बीच सामंजस्य की अनंत खोज को मूर्त रूप देता है।