Meaning of

बे-रिदा

be-rida • بے ردا

बिना पर्दे; अनावृत

without veil; uncovered

بے پردہ; بے نقاب

Persian

ख़याल में भी उसे बे-रिदा नहीं किया है ये ज़ुल्म मुझ सेे नहीं हो सका नहीं किया है — Ali Zaryoun
वो बे-रिदा हो तो मुझ को घुटन सी होती है अँगूठी बेच के उस को रिदा दिलाऊँगा — Shajar Abbas
शुक्र-ए-ख़ालिक है शजर मेरी तरह से बिल्कुल बे रिदाई से मिरी बेटी को चिढ़ होती है — Shajar Abbas
`शजर` ये इश्क़ की पाकीज़गी का आलम है उसे ख़याल में भी बे-रिदा नहीं करते — Shajar Abbas
लग रहा है मर चुकी है ग़ैरत-ए-इंसानियत बे रिदा फिरने लगी हैं बेटियाँ बाज़ार में — Shajar Abbas
अपनी बेटी को बताओ कि कनीज़-ए-ज़हरा बे रिदा बर सर-ए-बाज़ार नहीं फिरती हैं — Shajar Abbas

'बे-रिदा' शब्द एक प्रकार की असुरक्षा और उजागर होने की भावना को जगाता है। अपने मूल अर्थ में यह भौतिक आवरण की अनुपस्थिति को दर्शाता है, लेकिन कविता में यह अक्सर भावनात्मक नग्नता या दिखावे के हटने का प्रतीक होता है।

'बे-रिदा' का उपयोग कवि असुरक्षा और सत्य की थीम को खोजने के लिए करते हैं। यह उन शब्दों के विपरीत है जो छुपाव या सुरक्षा का संकेत देते हैं। यह एक कच्ची ईमानदारी के क्षण या सामाजिक मानदंडों के हटने का वर्णन कर सकता है।

कविता में 'बे-रिदा' पाठक को सतह के नीचे के सार का सामना करने के लिए आमंत्रित करता है। यह प्रामाणिकता को अपनाने का आह्वान है।