Meaning of

सोगवारी

sogwaari • سوگواری

शोक; दुःख

mourning; sorrow

غم; سوگ

Persian

ऐसा नहीं कि मुझ को कोई सोगवारी है देखो न अब भी इश्क़ तिरे बा'द जारी है — Rovej sheikh
क़त्ल करना था मिरा सो कर दिया है आपने अब मगर इस सोगवारी की वजह क्या है भला — Salma Malik
रूह सारी सर-ख़ुशी से छोड़ती सारे बदन सोगवारी बेवजह सारी यहाँ घर घर चले — Saurabh Yadav Kaalikhh
रूह सारी सर-ख़ुशी से छोड़ती सारे बदन सोगवारी बेवजह सारी यहाँ घर घर चले — Saurabh Yadav Kaalikhh

'सोगवारी' शब्द गहरे दुःख और शोक की भावना को वहन करता है। यह दुःख में लिपटे होने की स्थिति है, जो अक्सर गंभीर और चिंतनशील स्वभाव से चिह्नित होती है। कविता में, इस शब्द का विस्तार व्यक्तिगत और सामूहिक दुःख की बारीकियों, मौन आँसुओं, और स्मरण के शांत क्षणों की खोज के लिए किया जाता है जो हानि के मानव अनुभव को परिभाषित करते हैं।

कवि 'सोगवारी' का उपयोग शोक के शांत, आत्मनिरीक्षण क्षणों को जगाने के लिए करते हैं। यह अक्सर दुःख के अधिक अभिव्यक्तिपूर्ण रूपों के विपरीत होता है, दुःख की मौन सहनशीलता को उजागर करता है। यह शब्द एक ऐसे हृदय की तस्वीर बनाता है जो अनकहे दर्द से भारी है, उस हानि के सार को पकड़ता है जो आँसू सूखने के बाद भी लंबे समय तक बनी रहती है।

कविता के क्षेत्र में, 'सोगवारी' दुःख की मौन प्रतिध्वनियों को पकड़ता है। यह दुःख की स्थायी प्रकृति का प्रमाण है।