Meaning of

हसब

hasab • حسب

वंश; पूर्वज; कुल

lineage; ancestry; pedigree

نسب; اجداد; خاندان

Arabic

अब हस्ब-ए-आरज़ू न कोई न जुस्तजू है अब अब तो कोई भी मिल जाए गुज़ारा कर लेंगे — Naaz ishq
इश्क़ हस्ब-ए-हाल समझा ही नहीं तुम ने कभी हासिदों से उभरा हूँ फिर हादसों के दरमियाँ — Shivansh Singhaniya
कि हस्ब-ए-काएनात में जो मुस्कुरा रहा हूँ मैं ख़िज़ाँ में जैसे गुल खिला है मौसम-ए-बहार का — Raj Tiwari

हसब उस जड़ों की बात करता है जिससे कोई आता है, पारिवारिक विरासत और पूर्वजों के गर्व का प्रमाण। कविता में, यह अक्सर विरासत के भार और इसके साथ आने वाली अपेक्षाओं को दर्शाता है।

कवि हसब का उपयोग पहचान और संबंध की थीम को खोजने के लिए करते हैं। यह किसी की विरासत में गर्व को जगाता है या पूर्वजों की उपलब्धियों के अनुरूप जीने के बोझ को उजागर करता है। यह एक ऐसा शब्द है जो अतीत को वर्तमान से जोड़ता है।

हसब पीढ़ियों के बीच एक पुल है, यह याद दिलाता है कि हम कहां से आए हैं और क्या आगे ले जा रहे हैं।