Meaning of

चश्म-ए-फ़ित्ना-ज़ा

chashm-e-fitna-zaa • حق پرستی

प्रलोभन की दृष्टि; उकसाने वाली नज़र

eye of seduction; gaze that incites

چشم فتنہ زا; اکسانے والی نظر

Persian

'चश्म-ए-फ़ित्ना-ज़ा' वाक्यांश एक ऐसी दृष्टि की छवि को जगाता है जो आकर्षक और खतरनाक दोनों है। मूल रूप से, यह उन आँखों को संदर्भित करता है जो इच्छा या अराजकता को भड़का सकती हैं। कविता में, इस वाक्यांश का उपयोग सुंदरता की द्वैत प्रकृति और दिल को अस्थिर करने के लिए एक ही नज़र की शक्ति का अन्वेषण करने के लिए किया गया है।

कवि अक्सर 'चश्म-ए-फ़ित्ना-ज़ा' का उपयोग प्रेमी की दृष्टि की मनमोहक फिर भी खतरनाक प्रकृति का वर्णन करने के लिए करते हैं। यह आकर्षण और विनाश के बीच की महीन रेखा का प्रतीक हो सकता है।

काव्यात्मक दुनिया में, 'चश्म-ए-फ़ित्ना-ज़ा' एक ऐसी दृष्टि की मोहक शक्ति का प्रतीक है जो मोहित भी कर सकती है और खतरे में भी डाल सकती है।