Meaning of

चेहरा-ए-गुम-गश्ता

chehra-e-gum-gashta • چہرہ گم گشتہ

खोया हुआ चेहरा; भूला हुआ मुखड़ा

lost face; forgotten visage

کھویا ہوا چہرہ; بھولا ہوا چہرہ

Persian

'चेहरा-ए-गुम-गश्ता' कुछ परिचित लेकिन अब मायावी की भूतिया उपस्थिति को जागृत करता है। कविता में, यह अक्सर खोई हुई पहचान या भूली हुई यादों का प्रतीक होता है, जो उदासी और लालसा की छाया डालता है।

कवि 'चेहरा-ए-गुम-गश्ता' का उपयोग स्मृति और हानि के विषयों का पता लगाने के लिए करते हैं। यह अतीत की स्थायी उपस्थिति की एक मार्मिक याद दिलाता है।

काव्यिक क्षेत्र में, 'चेहरा-ए-गुम-गश्ता' उस खोए हुए लेकिन कभी न भूले जाने वाले सार को पकड़ता है।