Meaning of

फ़िक्र-ए-अंजाम

fikr-e-anjaam • فکر انجام

परिणाम की चिंता; अंत की फिक्र

concern for the outcome; worry about the end

انجام کی فکر; انجام کی پریشانی

Persian

'फ़िक्र-ए-अंजाम' एक ऐसा भाव है जो भविष्य के प्रति सोच और चिंतन को दर्शाता है। कविता में, यह अक्सर मानव स्थिति को दर्शाता है जो आशा और चिंता के बीच फंसी होती है, अपने कार्यों के परिणामों पर विचार करती है।

कवि 'फ़िक्र-ए-अंजाम' का उपयोग भाग्य और परिणाम के विषयों की खोज के लिए करते हैं। यह अक्सर बेफिक्र जीवन के विपरीत होता है, जिम्मेदारी के भार को उजागर करता है। यह वाक्यांश आसन्न परिवर्तन या भाग्य की अनिवार्यता की भावना को जागृत कर सकता है।

कविता के क्षेत्र में, 'फ़िक्र-ए-अंजाम' हमारे गहरे चिंतन का दर्पण है। यह हमें क्रिया और परिणाम के बीच के नाजुक संतुलन की याद दिलाता है।