Meaning of

फ़िक्र-ए-रोज़-ए-हिसाब

fikr-e-roz-e-hisaab • فکر روز حساب

प्रलय के दिन की चिंता; जवाबदेही की चिंता

concern for the day of judgment; anxiety about accountability

روز حساب کی فکر; جوابدہی کی پریشانی

Arabic

यह वाक्यांश अंतिम जवाबदेही के बारे में अस्तित्वगत चिंता को पकड़ता है, जो आध्यात्मिक और नैतिक चिंतन में गहराई से निहित है। कविता में, यह अक्सर सांसारिक इच्छाओं और आध्यात्मिक जिम्मेदारियों के बीच के आंतरिक संघर्ष को दर्शाता है।

कवि इस वाक्यांश का उपयोग नैतिकता, आध्यात्मिकता, और दिव्य न्याय के भय के विषयों में गहराई से जाने के लिए करते हैं। यह जीवन की क्षणभंगुर प्रकृति और किसी के कार्यों के शाश्वत परिणामों की याद दिलाता है।

यह वाक्यांश क्षणिक जीवन और शाश्वत जवाबदेही के बीच के तनाव को समाहित करता है, जो एक गहन काव्यात्मक अन्वेषण है।