Meaning of

फिज़ूल

fizool • فضول

बेकार; व्यर्थ; अनावश्यक

useless; futile; unnecessary

بیکار; فضول; غیر ضروری

Persian

वा'दा कोई भी मुझ सेे निभाया नहीं गया
या यूँँ कहें मिरी सभी बातें फिज़ूल थीं

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अगर हुकूमत तुम्हारी तस्वीर छाप दे नोट पर मेरी दोस्त
तो देखना तुम कि लोग बिल्कुल फिजूलखर्ची नहीं करेंगे

हमारे चंद अच्छे दोस्तों ने ये वा'दा ख़ुद से किया हुआ है
कि शक्ल अल्लाह ने अच्छी दी है सो बातें अच्छी नहीं करेंगे

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उस लब से मिल ही जाएगा बोसा कभी तो हाँ
शौक़-ए-फ़ुज़ूल ओ जुरअत-ए-रिंदाना चाहिए

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ऐ आसमान तेरी इनायत बजा मगर
फ़स्लें पकी हुई हों तो बारिश फ़ुज़ूल है

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मैं आप अपनी मौत की तय्यारियों में हूँ
मेरे ख़िलाफ़ आप की साज़िश फ़ुज़ूल है

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किसी ने कहा था टूटी हुई नाव में चलो
दरिया के साथ आप की रंजिश फ़ुज़ूल है

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जिस को फ़ुज़ूल लगती थी रब की इबादतें
पाने को इश्क़ टूटते तारे पे आ गया

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मिन्नत, कोशिश, अश्क-ओ-आह, फ़ुज़ूल है
उफ़! ये उल्फ़त कितनी ऊल-जुलूल है

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तमाम उम्र मिटेगा नहीं वो रूह से फिर
अगर किसी को कभी भी किसी का रंग लगा

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अब चलो इश्क़ में उतरते हैं
काम कुछ तो फ़ज़ूल करते हैं

हम पे वो तो कभी नहीं मरता
यार हम ही उसी पे मरते हैं

6

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वा'दा कोई भी मुझ सेे निभाया नहीं गया
या यूँँ कहें मिरी सभी बातें फिज़ूल थीं

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अगर हुकूमत तुम्हारी तस्वीर छाप दे नोट पर मेरी दोस्त
तो देखना तुम कि लोग बिल्कुल फिजूलखर्ची नहीं करेंगे

हमारे चंद अच्छे दोस्तों ने ये वा'दा ख़ुद से किया हुआ है
कि शक्ल अल्लाह ने अच्छी दी है सो बातें अच्छी नहीं करेंगे

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'फिज़ूल' का मूल अर्थ किसी चीज़ के बेकार या निरर्थक होने का है। कविता में इसका प्रयोग अक्सर भौतिक और भावनात्मक संपत्ति के बीच के अंतर को उजागर करने के लिए किया जाता है, जिससे वास्तविक मूल्य का प्रश्न उठता है।

'फिज़ूल' का प्रयोग कवि सांसारिक प्रयासों की खोखलापन व्यक्त करने के लिए करते हैं। यह अक्सर धन और प्रतिष्ठा के मूल्य पर प्रश्न उठाने वाले छंदों में दिखाई देता है। यह समृद्धि और प्रचुरता के शब्दों के साथ विरोधाभास करता है, जीवन के सच्चे खजानों पर एक मार्मिक प्रतिबिंब बनाता है।

कविता में 'फिज़ूल' आत्मा की उस खोज का दर्पण बन जाता है जो भौतिक भ्रमों से परे सच्चे अर्थ की तलाश करती है।