Meaning of

ग़म-ए-मंज़िल

gham-e-manzil • غم منزل

यात्रा का दुख; मंज़िल का ग़म

sorrow of the journey; grief of the destination

سفر کا غم; منزل کا دکھ

Persian

ग़म-ए-मंज़िल यात्रा के दुख और मंज़िल तक पहुँचने के साथ आने वाले ग़म की द्वैतता को पकड़ता है। कविता में, यह जीवन की खोजों की खट्टे-मीठे स्वभाव को दर्शाता है, जहाँ अंत एक राहत और एक हानि दोनों है।

कवि ग़म-ए-मंज़िल का उपयोग लक्ष्यों को प्राप्त करने से जुड़े जटिल भावनाओं को व्यक्त करने के लिए करते हैं। यह अक्सर सफलता के बाद आने वाली संतोष और खालीपन की विरोधाभास को उजागर करता है।

ग़म-ए-मंज़िल हमें याद दिलाता है कि हर यात्रा का अंत एक नई शुरुआत है, अंतहीन खोजों का चक्र।