Meaning of

ग़ुबार-ए-ख़्वाब

ghubaar-e-khwaab • غبار خواب

सपनों की धूल; सपनों के अवशेष

dust of dreams; remnants of dreams

خواب کی گرد; خوابوں کے باقیات

Persian

यह वाक्यांश सपनों की क्षणभंगुर और अस्थायी प्रकृति को दर्शाता है, उन्हें धूल के समान बताता है जो बैठती है और बिखर जाती है। कविता में, यह सपनों की नाजुक और मायावी प्रकृति को पकड़ता है, अक्सर उनकी सुंदरता और नाजुकता पर विचार करता है।

कवि अक्सर इस वाक्यांश का उपयोग सपनों की क्षणभंगुर प्रकृति को व्यक्त करने के लिए करते हैं। इसका उपयोग खोई हुई आशाओं या आकांक्षाओं पर विचार करने के लिए किया जाता है। धूल की छवि उदासी और पुरानी यादों की एक परत जोड़ती है।

ग़ुबार-ए-ख़्वाब सपनों और वास्तविकता के बीच की नाजुक नृत्य को पकड़ता है, एक उदासी की छाप छोड़ता है।