Meaning of

ग़ुरूर-ए-नाज़

ghuroor-e-naaz • غرور ناز

नाज़ का घमंड; आकर्षण का अहंकार

pride of grace; arrogance of charm

ناز کا غرور; دلکشی کا تکبر

Persian

यह शब्द एक ऐसी शान को दर्शाता है जो एक सूक्ष्म अहंकार के साथ जुड़ी होती है। अपने मूल अर्थ में, यह अपनी आकर्षण या नाज़ पर गर्व की बात करता है। कविता ने इसे आत्मविश्वास और घमंड के बीच के नाजुक संतुलन को खोजने के लिए गहरा किया है।

कवि अक्सर इस शब्द का उपयोग उन पात्रों को चित्रित करने के लिए करते हैं जो अपनी सुंदरता और उसके प्रभाव से अवगत होते हैं। यह प्रशंसा और घमंड के बीच के तनाव को दर्शा सकता है, या अत्यधिक गर्व से होने वाले पतन को।

कविता में, ग़ुरूर-ए-नाज़ गर्व की नाजुक सुंदरता को पकड़ता है। यह हमें आत्म-प्रेम और अहंकार के बीच की पतली रेखा की याद दिलाता है।